देवरिया एसडीएम निलंबित: बहस के बाद व्यक्ति की मौत पर सरकार का सख्त एक्शन
लक्ष्मीपुर विवाद में नोकझोंक के बाद हुई मौत, जांच में लापरवाही पाए जाने पर कार्रवाई

उत्तर प्रदेश सरकार ने प्रशासनिक सख्ती दिखाते हुए देवरिया के बरहज तहसील में तैनात उप जिलाधिकारी विपिन कुमार द्विवेदी को निलंबित कर दिया है। यह कार्रवाई एक व्यक्ति की मौत के बाद सामने आए विवाद और प्रारंभिक जांच रिपोर्ट के आधार पर की गई है।
मामला ग्राम लक्ष्मीपुर का है, जहां राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज नाली और नलकूप की जमीन पर पक्की सड़क निर्माण को लेकर विवाद चल रहा था। इसी दौरान एसडीएम और एक स्थानीय व्यक्ति के बीच तीखी बहस हुई। आरोप है कि इस बहस के दौरान हुई डांट-फटकार से व्यक्ति को दिल का दौरा पड़ा, जिससे उसकी मौत हो गई।
घटना के बाद प्रशासन ने तत्काल जांच के आदेश दिए। इस मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय समिति गठित की गई, जिसमें अपर आयुक्त (प्रशासन) गोरखपुर, पुलिस अधीक्षक नगर गोरखपुर और अपर जिलाधिकारी नगर गोरखपुर शामिल थे। समिति ने अपनी रिपोर्ट में प्रथम दृष्टया एसडीएम को लापरवाही का दोषी माना।
रिपोर्ट में कहा गया कि मौके पर प्रशासनिक संवेदनशीलता और संयम का अभाव रहा, जिससे स्थिति बिगड़ गई। इसके आधार पर सरकार ने उनके खिलाफ कार्रवाई करते हुए उन्हें निलंबित कर दिया। साथ ही, उत्तर प्रदेश सरकारी सेवक (अनुशासन एवं अपील) नियमावली के तहत नियम-7 में विभागीय जांच के आदेश भी जारी किए गए हैं।
इस मामले की आगे की जांच के लिए प्रयागराज मंडल के आयुक्त को जांच अधिकारी नियुक्त किया गया है। निलंबन के बाद विपिन कुमार द्विवेदी को राजस्व परिषद से संबद्ध कर दिया गया है, जहां वे जांच पूरी होने तक तैनात रहेंगे।
यह घटना प्रशासनिक अधिकारियों की जिम्मेदारी और जनता के साथ व्यवहार को लेकर एक बड़ा संदेश देती है। सरकार की इस कार्रवाई को प्रशासनिक जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।




