‘आरोपियों को एएमएमए की कमान नहीं संभालने दूंगी’, श्वेता मेनन का बड़ा बयान
हेमा कमेटी रिपोर्ट पर खुलकर बोलीं अभिनेत्री, बोलीं- महिलाओं के लिए सुरक्षित और जवाबदेह फिल्म उद्योग जरूरी
मुंबई। मलयालम फिल्म उद्योग में जारी विवाद के बीच अभिनेत्री और ‘एसोसिएशन ऑफ मलयालम मूवी आर्टिस्ट्स’ (एएमएमए) की पूर्व अध्यक्ष श्वेता मेनन ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि हेमा कमेटी की रिपोर्ट में गंभीर आरोपों का सामना कर रहे लोगों को संगठन की कमान नहीं संभालने देंगी। श्वेता ने कहा कि उनकी लड़ाई किसी व्यक्ति विशेष से नहीं, बल्कि उस व्यवस्था से है जिसने लंबे समय तक गलत लोगों को संरक्षण दिया।
श्वेता मेनन ने सोशल मीडिया पर साझा किए गए अपने बयान में कहा कि पिछली आम सभा के दौरान उन्हें अपमानित करने और संगठन से बाहर करने की कोशिश की गई थी। इसके बावजूद वह अपने रुख पर कायम हैं और महिलाओं की सुरक्षा व सम्मान से कोई समझौता नहीं करेंगी। उन्होंने कहा कि जब तक वह इस लड़ाई का हिस्सा हैं, तब तक गंभीर आरोपों का सामना कर रहे लोगों को नेतृत्व की जिम्मेदारी नहीं मिलने देंगी।
गौरतलब है कि 21 जून को श्वेता मेनन ने एएमएमए अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया था। उसी दिन संगठन की पूरी कार्यकारिणी ने भी सामूहिक इस्तीफा दिया, जिसके बाद केरल सरकार ने मामले की जांच शुरू कराई। हेमा कमेटी की रिपोर्ट में मलयालम फिल्म उद्योग में महिलाओं के साथ कथित यौन उत्पीड़न, शोषण और कार्यस्थल पर भेदभाव जैसे गंभीर मुद्दों को सामने लाया गया था। इस रिपोर्ट के बाद उद्योग में जवाबदेही और सुधार को लेकर बहस तेज हो गई है।




