दिल्ली में प्रचंड गर्मी का कहर: सरकार अलर्ट मोड में, स्कूलों से मांगी सेफ्टी रिपोर्ट
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने जारी किए सख्त निर्देश, तय डेडलाइन में रिपोर्ट देने को कहा
देश की राजधानी दिल्ली इस समय भीषण गर्मी की चपेट में है। तापमान लगातार खतरनाक स्तर पर पहुंच रहा है, जिससे आम जनजीवन के साथ-साथ बच्चों की सेहत को लेकर भी चिंता बढ़ गई है। इसी बीच मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की सरकार ने हालात को देखते हुए बड़ा कदम उठाया है।
सरकार ने राजधानी के सभी सरकारी और निजी स्कूलों से गर्मी से निपटने के लिए की गई तैयारियों की विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। इसके लिए एक तय डेडलाइन भी निर्धारित की गई है, जिसके भीतर स्कूलों को अपनी सेफ्टी व्यवस्था की जानकारी प्रशासन को देनी होगी।
सरकार का कहना है कि बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। रिपोर्ट में स्कूलों को यह बताना होगा कि उन्होंने गर्मी से बचाव के लिए क्या-क्या इंतजाम किए हैं, जैसे—पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था, कूलिंग सिस्टम, प्राथमिक उपचार सुविधा और गर्मी से बचाव के दिशानिर्देश।
मौसम विभाग भारतीय मौसम विभाग (IMD) पहले ही राजधानी में हीटवेव का अलर्ट जारी कर चुका है। अनुमान है कि आने वाले दिनों में तापमान और बढ़ सकता है, जिससे लू का खतरा भी बढ़ेगा। ऐसे में बच्चों और बुजुर्गों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
सरकारी अधिकारियों के मुताबिक, कई स्कूलों को पहले भी गर्मी के दौरान सुरक्षा उपायों को लेकर निर्देश दिए जा चुके हैं, लेकिन इस बार सख्ती बढ़ा दी गई है। अगर कोई स्कूल तय मानकों का पालन नहीं करता पाया गया, तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है।
शिक्षा विभाग ने स्कूलों को यह भी निर्देश दिया है कि वे बच्चों को सीधे धूप में ज्यादा देर तक न रखें और आउटडोर गतिविधियों को सीमित करें। साथ ही, सुबह के समय स्कूल टाइमिंग में बदलाव करने पर भी विचार किया जा रहा है ताकि बच्चों को तेज धूप से बचाया जा सके।
विशेषज्ञों का कहना है कि लगातार बढ़ती गर्मी और जलवायु परिवर्तन के कारण इस तरह के हालात अब आम होते जा रहे हैं। ऐसे में जरूरी है कि स्कूल और अभिभावक दोनों मिलकर बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करें।
वहीं, अभिभावकों के बीच भी इस फैसले को लेकर राहत की भावना है। उनका मानना है कि सरकार का यह कदम समय पर उठाया गया है और इससे बच्चों की सेहत को सुरक्षित रखने में मदद मिलेगी।
कुल मिलाकर, दिल्ली में बढ़ती गर्मी ने प्रशासन को अलर्ट कर दिया है और अब सभी संस्थानों को जिम्मेदारी के साथ काम करने की जरूरत है।




