आई-पैक निदेशक विनेश चंदेल 10 दिन की ईडी हिरासत में, मनी लॉन्ड्रिंग जांच तेज
Enforcement Directorate की कार्रवाई के बाद कोर्ट ने भेजा रिमांड पर, वित्तीय अनियमितताओं और हवाला लेन-देन के आरोपों की होगी गहन जांच

नई दिल्ली। इंडियन पीएसी कंसल्टिंग प्राइवेट लिमिटेड (आई-पैक) के संस्थापक और निदेशक विनेश चंदेल को Enforcement Directorate ने मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों में गिरफ्तार किया है। गिरफ्तारी मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के तहत चल रही जांच के सिलसिले में की गई है। कोर्ट ने सुनवाई के बाद उन्हें 10 दिन की ईडी हिरासत में भेज दिया है, जहां उनसे विस्तृत पूछताछ की जाएगी।
ईडी ने यह जांच दिल्ली पुलिस द्वारा दर्ज एफआईआर के आधार पर शुरू की थी। अब तक की जांच में आई-पैक से जुड़े कई वित्तीय अनियमितताओं के मामले सामने आए हैं। एजेंसी के अनुसार, कंपनी पर हिसाब-किताब वाले और बिना हिसाब के फंड लेने, बिना वैध दस्तावेजों के असुरक्षित ऋण प्राप्त करने, फर्जी बिल और इनवॉइस जारी करने तथा तीसरे पक्ष के माध्यम से धन प्राप्त करने जैसे गंभीर आरोप हैं।
जांच में अंतरराष्ट्रीय हवाला नेटवर्क के जरिए नकदी के लेन-देन के संकेत भी मिले हैं। ईडी का दावा है कि आई-पैक करोड़ों रुपये के आपराधिक धन को वैध बनाने की प्रक्रिया में शामिल रही है। अब तक करीब 50 करोड़ रुपये की संदिग्ध राशि का पता लगाया जा चुका है।
जांच एजेंसी ने इस मामले में कई संबंधित व्यक्तियों के बयान दर्ज किए हैं और विभिन्न ठिकानों पर तलाशी अभियान चलाकर अहम दस्तावेज और डिजिटल साक्ष्य जुटाए हैं। अधिकारियों का कहना है कि कंपनी के निदेशक के रूप में विनेश चंदेल की भूमिका जांच के दौरान सामने आई है, और यदि अपराध उनकी सहमति, मिलीभगत या लापरवाही से हुआ है तो वे कानूनी रूप से उत्तरदायी होंगे।
गिरफ्तारी के बाद चंदेल को पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया गया, जहां अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश शेफाली बरनाला टंडन ने उन्हें 10 दिन की हिरासत में भेजने का आदेश दिया। ईडी अब रिमांड अवधि के दौरान उनसे पूछताछ कर मामले की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है।
इस कार्रवाई पर राजनीतिक प्रतिक्रिया भी सामने आई है। अभिषेक बनर्जी ने इस गिरफ्तारी पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि पश्चिम बंगाल चुनाव से पहले इस तरह की कार्रवाई ‘समान अवसर’ की भावना पर सवाल उठाती है। उन्होंने इसे विपक्ष से जुड़े लोगों को निशाना बनाने की कोशिश बताया।
फिलहाल, मामला जांच के अधीन है और आने वाले दिनों में इस केस में और खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।




