ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट में बढ़ा तनाव! सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट को लेकर खिलाड़ियों और बोर्ड में टकराव
क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया और खिलाड़ियों के बीच नए सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट मॉडल को लेकर मतभेद गहराते दिख रहे हैं, BBL और खिलाड़ियों की कमाई भी विवाद के केंद्र में है।
ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट में इन दिनों सबकुछ सामान्य नहीं चल रहा है। क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया (CA) और खिलाड़ियों के बीच सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट को लेकर तनाव बढ़ता दिखाई दे रहा है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, बोर्ड और खिलाड़ियों के बीच नई कॉन्ट्रैक्ट शर्तों, कमाई के बंटवारे और घरेलू टी20 लीग बिग बैश लीग (BBL) से जुड़े मुद्दों पर सहमति नहीं बन पा रही है।
बताया जा रहा है कि कई खिलाड़ी मौजूदा कॉन्ट्रैक्ट संरचना से खुश नहीं हैं। खास तौर पर वर्कलोड, इंटरनेशनल क्रिकेट के व्यस्त शेड्यूल और फ्रेंचाइजी लीग्स से मिलने वाली कमाई की तुलना में केंद्रीय अनुबंधों की शर्तों पर सवाल उठ रहे हैं।
क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया चाहता है कि खिलाड़ी राष्ट्रीय क्रिकेट को प्राथमिकता दें, जबकि कई खिलाड़ियों का मानना है कि दुनियाभर की टी20 लीग्स में बढ़ती कमाई और अवसरों को देखते हुए कॉन्ट्रैक्ट मॉडल में बदलाव जरूरी है। इसी वजह से दोनों पक्षों के बीच बातचीत लगातार कठिन होती जा रही है।
रिपोर्ट्स के अनुसार, बिग बैश लीग की लोकप्रियता और आर्थिक मॉडल भी विवाद का अहम हिस्सा बना हुआ है। कुछ खिलाड़ियों का मानना है कि लीग को और प्रतिस्पर्धी बनाने के लिए खिलाड़ियों को ज्यादा वित्तीय स्वतंत्रता और बेहतर कॉन्ट्रैक्ट दिए जाने चाहिए।
ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट पहले भी खिलाड़ियों और बोर्ड के बीच पेमेंट विवाद देख चुका है। ऐसे में मौजूदा टकराव को लेकर यह चिंता भी जताई जा रही है कि अगर जल्द समाधान नहीं निकला, तो इसका असर टीम की तैयारियों और घरेलू क्रिकेट पर पड़ सकता है।
फिलहाल दोनों पक्षों के बीच बातचीत जारी है, लेकिन जिस तरह से बयानबाजी और अंदरूनी असहमति सामने आ रही है, उससे साफ है कि ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट के भीतर हालात पूरी तरह शांत नहीं हैं।





