पोस्टमार्टम में लापरवाही या साजिश? जयपुर में मृतक बच्चे की आंखें गायब, परिजनों ने उठाए सवाल

जयपुर में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। 10 साल के समर मीना की मौत के बाद परिजनों की अनुमति के बिना उसकी दोनों आंखें निकाल ली गईं। परिवार को इसकी जानकारी अंतिम संस्कार की तैयारी के दौरान हुई।
क्या है मामला?
- 6 अगस्त 2023 को करौली जिले के टोडाभीम निवासी समर मीना (10) की सिर पर लोहे की चद्दर गिरने से मौत हो गई थी।
- बच्चे के पिता किरोड़ी लाल मीना ने आरोप लगाया कि गांव के ही परिचित मदनमोहन ने धोखे से उन्हें जयपुर बुलाया और बच्चे की आंखों का सौदा कर लिया।
- अंतिम संस्कार की प्रक्रिया के दौरान परिजनों को पता चला कि समर की आंखें नहीं थीं।
- आरोपी ने परिवार को झूठा आश्वासन दिया कि उसने बच्चे की आंखें “दान” कर दी हैं।
FIR और जांच
- घटना के एक साल बाद, 2 अक्टूबर 2025 को SMS हॉस्पिटल थाने में मानव अंग और ऊतक प्रत्यारोपण अधिनियम के तहत FIR दर्ज की गई।
- ASI सुरजमल ने बताया कि शिकायत के आधार पर FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। बयान लिए जा रहे हैं और आगे की कार्रवाई की जाएगी।
- जांच में सामने आया है कि परिजनों को आंख दान का एक सर्टिफिकेट भी दिया गया था।
परिवार का आरोप
- पिता का कहना है कि आरोपी FIR दर्ज करवाने की मांग पर टालमटोल करता रहा और उन्हें झूठा भरोसा दिलाता रहा कि हाईकोर्ट में केस दायर है।
- अब जब धोखे का एहसास हुआ तो मामला पुलिस तक पहुंचाया गया।





