राम मंदिर की जमीन के सर्वे की मांग, सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल

2019 के फैसले में निर्धारित भूमि की पहचान और सीमांकन की जांच की मांग, मंदिर के चढ़ावे का कैग से ऑडिट कराने की भी अपील

मिलने वाले दान और चढ़ावे का रोजाना डिजिटल रिकॉर्ड रखने तथा खातों का हर साल नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक से ऑडिट कराने की मांग भी की है। इसके अलावा श्रद्धालुओंअयोध्या स्थित राम मंदिर की जमीन को लेकर सुप्रीम कोर्ट में नई याचिका दाखिल की गई है। इसमें मंदिर परिसर की जमीन का स्वतंत्र सर्वे कराने और यह जांचने की मांग की गई है कि मंदिर उसी भूमि पर बना है या नहीं, जिसे सुप्रीम कोर्ट ने 2019 के ऐतिहासिक फैसले में राम मंदिर निर्माण के लिए निर्धारित किया था।

याचिका में जमीन की सीमाओं, पुराने नक्शों, भौगोलिक निर्देशांकों और मूल दस्तावेजों की जांच के लिए स्वतंत्र विशेषज्ञ समिति या आयोग गठित करने की मांग की गई है। साथ ही संबंधित अधिकारियों और श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट से मंदिर निर्माण से जुड़े सभी रिकॉर्ड सुरक्षित रखने और अदालत में पेश करने की अपील की गई है।

याचिकाकर्ता ने मंदिर में के लिए बेहतर सुविधाएं विकसित करने पर जोर दिया गया है। सुप्रीम कोर्ट की वाद सूची के अनुसार, याचिका पर 2 नवंबर को सुनवाई हो सकती है।

Related Articles

Back to top button