ड्रोन और आधुनिक हथियार बदल रहे युद्ध का स्वरूप, वायुसेना हर चुनौती के लिए रहे तैयार
नए वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल आशुतोष दीक्षित ने संभाली कमान, युद्ध लड़ने और जीतने की तैयारी पर दिया जोर
एयर चीफ मार्शल आशुतोष दीक्षित ने भारतीय वायुसेना के 29वें प्रमुख के रूप में कमान संभाल ली है। पदभार ग्रहण करने के बाद अपने पहले संबोधन में उन्होंने कहा कि ड्रोन, लंबी दूरी तक सटीक हमला करने वाले हथियार, अंतरिक्ष, साइबर तकनीक और कृत्रिम बुद्धिमत्ता युद्ध का स्वरूप तेजी से बदल रहे हैं।
उन्होंने कहा कि भारतीय वायुसेना को भविष्य की चुनौतियों से निपटने के लिए आधुनिक और आत्मनिर्भर ताकत बनना होगा। अगले दशक की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए वायुसेना को हर समय युद्ध लड़ने और जीतने के लिए तैयार रहना चाहिए।
उन्होंने अपनी प्राथमिकताओं को ‘वायु’ नाम दिया, जिसमें सतर्कता, आत्मनिर्भरता, नवाचार और तीनों सेनाओं के बीच एकजुटता पर विशेष जोर दिया। उन्होंने स्वदेशी लड़ाकू विमानों, आधुनिक हथियारों और कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित प्रणालियों को भी प्राथमिकता बताया।



